लखीमपुरखीरी, मार्च 25 -- छोटी काशी कॉरीडोर के निर्माण के लिए बाबा काल भैरव मंदिर का शिखर आखिरकार मंगलवार 150 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद गिरा दिया गया। कई दिनों से चल रहा यह अभियान तकनीकी अड़चनों के चलते बार-बार रुकता रहा और काम उम्मीद से कहीं ज्यादा लंबा खिंच गया। सबसे बड़ी बाधा यह रही कि मंदिर के ऊपरी गुंबद तक जेसीबी मशीन पहुंच ही नहीं पा रही थी। ऊंचाई और संरचना की जटिलता के कारण मशीनों का उपयोग सीमित हो गया, जिससे पूरा काम मैन्युअल और बेहद सावधानी के साथ करना पड़ा। यही वजह रही कि शिखर गिराने में करीब डेढ़ सौ घंटे लग गए। प्रशासन और टीम ने जोखिम को देखते हुए चरणबद्ध तरीके से शिखर को कमजोर किया और आखिरकार मंगलवार को उसे सुरक्षित तरीके से ढहा दिया। पूरे अभियान के दौरान सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे, जिससे कोई जनहानि न हो। बताया जा रहा है...