12 साल के बच्चे का कमाल, बनाया ऐसा आविष्कार जो चलने-फिरने से बनाएगा बिजली
नई दिल्ली, अगस्त 5 -- जहां 12 साल की उम्र के ज्यादातर बच्चे पढ़ाई, अपना होमवर्क पूरा करने, मोबाइल रील्स देखने या फिर खेल कूद में बिजी रहते हैं, वहीं इसी उम्र के अहम अब्देलसलाम ने कमाल का काम किया है। अमेरिका के मैसाचुसेट्स राज्य के कैम्ब्रिज में रहने वाले 12 वर्षीय मिडिल स्कूल छात्र अहमद अब्देलसलाम ने एक ऐसी तकनीक विकसित की है, जो चलने-फिरने या शरीर की हरकत से पैदा होने वाली ऊर्जा को बिजली में बदल सकती है। उनके इस तकनीक का नाम VERDA है। इस अनोखे आविष्कार की बदौलत अहमद ने 2026 3M यंग साइंटिस्ट चैलेंज के टॉप 10 फाइनलिस्ट में जगह बनाई है। बता दें कि इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता के विजेता को 25,000 डॉलर (करीब 21 लाख रुपये) का पुरस्कार दिया जाएगा।बिजली पैदा करने की दिशा में नया समाधान जहां ज्यादातर लोग चलने को केवल रोजमर्रा की एक सामान्य गतिविधि ...
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