अररिया, अप्रैल 10 -- फारबिसगंज, निज संवाददाता। गुरुवार को हुए दोहरी हत्याकांड के बाद भड़के आक्रोश का सबसे दर्दनाक असर अनुमंडल अस्पताल में देखने को मिला, जहां इलाज का केंद्र अचानक दहशत का मैदान बन गया। हालात इतने भयावह थे कि डॉक्टरों से लेकर एएनएम और जीएनएम तक को अपनी जान बचाने के लाले पड़ गए। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, उग्र भीड़ अस्पताल में घुस आई और डंडों से लैस लोगों ने अफरा-तफरी मचा दी। महिलाओं को छोड़, पुरुषों को मारो जैसी आवाजों के बीच पूरा परिसर दहशत में डूब गया। कई चिकित्सक मरीजों को लेकर घंटों तक कमरे में बंद रहे, जबकि कई स्वास्थ्यकर्मी पीछे के दरवाजे से भागकर जान बचाने को मजबूर हुए। इस भगदड़ में परिचारी सुनीता देवी, जीएनएम रिमझिम कुमारी, एएनएम लूसी भारती,एएनएम अंजली कुमारी, एएनएम नीतू कुमारी, एंबुलेंस ईएमटी हेमंत देव, एएनएम प्रामिणा...