नई दिल्ली, सितम्बर 22 -- संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) में स्थायी सदस्यता और वीटो पावर के लिए भारत कई साल से मजबूत दावेदारी ठोक रहा है। हालांकि चीन के अड़ंगे की वजह से यह अब तक संभव नहीं हो पाया है। लेकिन इस बात से भी इनकार नहीं किया जा सकता है कि दुनिया भारत की संभावनाएं और ताकत दोनों का अंदाजा लगा चुकी है। शायद इसीलिए चीन भी नहीं चाहता कि भारत संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद का स्थायी सदस्य बने। आपको बता दें कि अब तक सिर्फ अमेरिका, रूस, चीन, फ्रांस और ब्रिटेन के पास ही वीटो पावर है। वहीं यूरोप के चार देशों ने भारत की स्थायी सदस्यता के लिए जोरदार समर्थन दिया है। इनमें स्लोवाकिया, पोलैंड, हंगरी और चेक रिपब्लिक शामिल हैं। स्लोवाकिया के विदेस मंत्री जुराज ब्लानर ने कहा, Visegrad 4 ग्रुप के सभी सदस्य इंडो पसिफिक क्षेत्र के सुपरपावर भारत...