नई दिल्ली, जुलाई 15 -- ओमान के तट पर साइप्रस के झंडे वाले एक वाणिज्यिक पोत पर हुए हमले में मारे गए पुणे के 30 वर्षीय इंजीनियर हेरंभ करमरकर का परिवार उनके शव के घर लाए जाने का इंतजार कर रहा है। हमले से कुछ समय पहले ही हेरंभ ने अपनी पत्नी को संदेश भेजकर बताया था कि उनका पोत होर्मुज को सुरक्षित पार कर चुका है। उनके ससुर विवेक टंडन ने बुधवार को बताया कि हम उनके शव का इंतजार कर रहे हैं, जो फिलहाल ओमान की नौसेना के पास है। हेरंभ पिछले पांच महीने से इस पोत पर तैनात थे और जल्द ही उनकी ड्यूटी पूरी होने वाली थी। यह भी पढ़ें- अमेरिका ने ईरान पर चौथे दिन भी जारी रखी हवाई हमलों की बौछार टंडन ने बताया कि भारतीय समयानुसार रात 2:49 बजे हेरंभ ने अपनी पत्नी को संदेश भेजा था कि उनका पोत होर्मुज को सुरक्षित पार कर चुका है।जीएफएस गैलेक्सी नामक कंटेनर पोत पर र...