नई दिल्ली, सितम्बर 26 -- सुप्रीम कोर्ट की जज जस्टिस बी.वी. नागरत्ना ने शनिवार को कहा कि पारिवारिक विवादों का समाधान करने के लिए अदालत और वैकल्पिक विवाद समाधान/मध्यस्थता (एडीआर) दोनों को मिलकर काम करना चाहिए। उनका कहना है कि जल्दी फैसला ज़रूरी है, लेकिन न्याय और उचित समाधान की कीमत पर। जस्टिस नागरत्ना ने गुवाहाटी में पारिवारिक विवादों पर आयोजित 'पारिवारिक झगड़ों में एडीआर बनाम एडज्यूडिकेशन: चुनौतियां और आगे का रास्ता' विषय पर दो दिवसीय क्षेत्रीय सम्मेलन के उद्घाटन समारोह को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि एडीआर का मकसद अदालतों की जगह लेना नहीं है। यह अदालतों की मदद करने वाला तरीका है, जिससे पारिवारिक मामलों में तेजी, गोपनीयता और आपसी सहमति से समाधान मिल सकता है। यह भी पढ़ें- 'परिवारिक विवादों में अदालत-एडीआर मिलकर काम करें' उन्होंने कहा कि प...