'पति के खिलाफ सबूत जुटाने को कोर्ट की मदद ले सकती है पत्नी'
नई दिल्ली, जुलाई 4 -- सुप्रीम कोर्ट ने माना कि पति के विवाहेत्तर संबंधों को साबित करने के लिए फोन कॉल विवरण रिकॉर्ड (सीडीआर) और होटल बुकिंग की जानकारी जैसे सबूत जुटाने को पत्नी कोर्ट की मदद ले सकती है। शीर्ष अदालत ने दिल्ली हाईकोर्ट के फैसले को बरकरार रखते हुए यह टिप्पणी की। जस्टिस मनमोहन और जस्टिस के. विनोद चंद्रन की पीठ ने अलग रह रहे पति द्वारा 10 मई, 2023 के हाईकोर्ट के आदेश के खिलाफ दायर अपील खारिज कर दी। हाल ही में अपील खारिज करते हुए शीर्ष अदालत ने कहा कि दोनों पक्षों के वकीलों की दलीलें सुनने के बाद, अदालत का मानना है कि विवादित फैसले में किसी भी दखल की जरूरत नहीं है। हाईकोर्ट ने 10 मई 2023 को कहा था कि हिंदू विवाह कानून व्यभिचार को तलाक का आधार मानता है और ऐसे में निजता के अधिकार के आधार पर उस विवाहित व्यक्ति की मदद करना जनहित में...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.