वरिष्ठ संवाददाता, सितम्बर 18 -- करीब 11 साल पुराने चरस बरामदगी के मामले में मुजफ्फरनगर की विशेष एनडीपीएस अदालत ने अशोक भारती को दोषमुक्त कर दिया। विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट/अपर सत्र न्यायाधीश (त्वरित न्यायालय) कोर्ट संख्या-03 रवि कुमार दिवाकर ने गुरुवार को फैसला सुनाते हुए कहा कि अभियोजन पक्ष आरोपों को तर्कपूर्ण संदेह से परे साबित करने में सफल नहीं रहा। मामला थाना नई मंडी के मुजफ्फरनगर से जुड़ा है। अभियोजन के अनुसार 21 अक्तूबर 2015 को एसआई बचन सिंह पुलिसकर्मियों के साथ गश्त पर थे। बालाजी धाम मंदिर के पास एक व्यक्ति पुलिस को देखकर भरतिया कॉलोनी की ओर मुड़कर तेज कदमों से जाने लगा। शक होने पर पुलिस ने पीछा कर भरतिया कॉलोनी के मोड़ से करीब 20 कदम की दूरी पर उसे पकड़ लिया। पूछताछ में उसने अपना नाम अशोक भारती बताया। पुलिस ने उसकी कुर्ते की द...