वाराणसी, मार्च 17 -- वाराणसी। मनरेगा से बदलकर लांच हुई विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन ग्रामीण (जी राम जी) योजना के चक्कर में गांवों में चकरोड निर्माण, तालाब, ड्रेन, रजवाहा की खुदाई आदि कच्चे कार्य ठप हैं। नए कार्यों का प्रस्ताव नहीं लिए जा रहे हैं। वहीं प्रधानमंत्री आवासीय योजना के लाभार्थियों को मिलने वाली मनरेगा मजदूरी भी अटकी है। नया शासनादेश नहीं आने से अधिकारी भी पसोपेश में हैं। गांव में मनरेगा के तहत तालाबों की खोदाई, पुराने तालाबों के जीर्णोद्धार, चेक डैम निर्माण और वाटरशेड प्रबंधन कार्य होते हैं। व्यक्तिगत सिंचाई कूप, छोटा तालाब निर्माण, भूमि विकास, खेतों के लिए मेड़बंदी, सड़क किनारे पौधरोपण, आम बागवानी, खड़ंजा, ग्रामीण संपर्क मार्ग, पशु शेड, मुर्गी पालन शेड, पोषण उद्यान और सामुदायिक शौचालयों आदि का भी निर्माण मनरे...