अल्मोड़ा, मई 1 -- नवीन भट्ट, रानीखेत। सांस्कृतिक समिति के तत्वावधान में यहां दो दिनी कुमाऊंनी ऐपण कार्यशाला शुरू हो गई है। विद्यार्थियों, शिक्षिकाओं और नगर की महिलाओं को पारंपरिक ऐपण बनाने की तकनीकों से अवगत कराया जाएगा। मिशन स्कूल सभागार में समिति के अध्यक्ष विमल सती ने ऐपण विधा के बारे में विस्तार से जानकारी दी। कहा कि यह कुमाऊं क्षेत्र की प्राचीन और पारंपरिक लोक कला है, ऐपण त्योहारों और मांगलिक संस्कारों पर घर की देहरी, आंगन और पूजा स्थल पर गेरू और बिस्वार से बनाए जाते हैं। यह सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक भी है। उन्होंने कहा कि कार्यशाला का उद्देश्य युवाओं को पारंपरिक लोक कला के प्रति जागरूक करना है। प्रशिक्षक ज्योति साह ने कहा कि ऐपण घर में नकारात्मकता को दूर करने और समृद्धि लाने का काम करते हैं। यहां समिति के गौरव भट्ट, गीता जोशी, सोन...