नई दिल्ली, जुलाई 11 -- 'एक देश, एक चुनाव' (ओएनओई) के प्रस्ताव पर विचार कर रही संसद की संयुक्त समिति (जेपीसी) के अध्यक्ष पी. पी. चौधरी ने कहा कि समिति के सामने छह पूर्व मुख्य न्यायाधीशों (सीजेआई) समेत कई संवैधानिक विशेषज्ञों ने अपनी राय रखी। उनका मानना है कि एक साथ लोकसभा और विधानसभा चुनाव कराना संविधान, लोकतंत्र या देश के संघीय ढांचे के खिलाफ नहीं है। गोवा दौरे के बाद शनिवार को पत्रकारों से बात करते हुए चौधरी ने कहा कि समिति ने सबसे पहले यह सवाल उठाया था कि क्या एक साथ चुनाव कराने से संविधान के मूल ढांचे या संघीय व्यवस्था पर कोई असर पड़ेगा। यह भी पढ़ें- एक देश, एक चुनाव को लेकर हलचल तेज, 'समर्थन में 99% लोग'; जानें कब तक होगा लागू उन्होंने बताया कि इस विषय पर छह पूर्व मुख्य न्यायाधीशों, सुप्रीम कोर्ट के तीन जज, विधि आयोग के अध्यक्ष और कई ...