गाजीपुर, मार्च 3 -- गाजीपुर, संवाददाता। होली के रंगों में लोग चार मार्च (बुधवार) को सराबोर होंगे। लोग इस दिन को खास बनाने के लिए एक-दूसरे को रंग-बिरंगे गुलाल लगाते हैं। पहले फूलों व हर्बल रंगों से खेली जाने वाली होली में अब धड़ल्ले से रसायनयुक्त व सिंथेटिक रंगों का इस्तेमाल किया जा रहा है। बाजार में सिंथेंटिक रंगों की भरमार है। यह रंग सेहत के लिए काफी खतरनाक होते हैं। ऐसे में रंग लगाते समय सावधानी बरतें। इन रंगों में लेड ऑक्साइड, क्रोमियम आयोडाइड, कॉपर, सल्फेट, सीसा और एल्युमीनियम ब्रोमाइड जैसे रसायन मौजूद होते हैं। जो सेहत से जुड़ी कई समस्याओं का कारण बन सकते हैं। कई बार सिंथेंटिक रंग से आंखों व त्वचा को नुकसान होता है। सांस रोगियों के लिए भी इन रंगों से काफी दिक्कत हो जाती है। चिकित्सकों का कहना है कि सिंथेटिक रंगों की जगह हर्बल रंगों क...