देवरिया, फरवरी 18 -- भाटपाररानी, हिन्दुस्तान संवाद। बरहज तहसील के ग्राम पटकोली, लबकनी एवं लबकनी गंगा में किसानों के खेतों पर बिना जुताई किए हैप्पी सीडर मशीन से गेहूं की विभिन्न प्रजातियों-एचडी 2967, डीबीडब्ल्यू 187 एवं पीबीडब्ल्यू 343-का प्रदर्शन लगाया गया है। इन प्रदर्शनों का मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय चावल अनुसंधान संस्थान के वरिष्ठ एग्रोनॉमिस्ट डॉ. आर. के. मलिक, डॉ. अजय कुमार तथा कृषि विज्ञान केंद्र मल्हना के एग्रोनॉमिस्ट डॉ. कमलेश मीना ने निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उपस्थित किसानों को संबोधित करते हुए डॉ. आर. के. मलिक ने बताया कि गेहूं की अगेती बुवाई करने से बालियां अधिक लंबी निकलती हैं तथा उनमें दानों की संख्या भी अधिक होती है। साथ ही दानों का संपूर्ण विकास होने से उत्पादन बेहतर मिलता है। उन्होंने बताया कि 20 नवंबर के बाद बुवाई कर...