नई दिल्ली, अक्टूबर 20 -- देशभर में दिवाली का त्योहार बेहद उत्साह के साथ मनाया जाता है। बच्चे हों या बड़े, परिवार का हर सदस्य अपनी-अपनी तरह से रोशनी और खुशियों के इस पर्व को खास बनाने के लिए कई दिन पहले से ही तैयारियां करना शुरू कर देता है। यूं तो दिवाली का पर्व भारत के कोने-कोने में बेहद उत्साह के साथ मनाया जाता है, लोग अपने घर के हर कोने से अंधकार को दूर करने के लिए दीपक जलाते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं हिमाचल का एक गांव ऐसा भी है, जहां दिवाली पर पटाखे फोड़ना तो दूर लोग एक दीपक जलाने से भी परहेज करते हैं। हालांकि कोई ऐसा अपनी खुशी या रिवाज की वजह से नहीं बल्कि एक सती के श्राप की वजह से करता है। आइए जानते हैं क्या है इस खूबसरत गांव की डरावनी कहानी और कैसे आप इस गांव तक पहुंच सकते हैं।खूबसूरत गांव की डरावनी कहानी अतीत का दर्द को बयां करन...