नई दिल्ली, नवम्बर 2 -- सुप्रीम कोर्ट ने त्योहारी मौसम में मंगलवार (3 नवंबर) को दो टूक कहा कि कोई भी संगठन, व्यक्ति या प्रदर्शनकारी किसी भी विरोध स्थल पर हमेशा के लिए कब्जा करके नहीं कर सकते। कोर्ट ने कहा कि ऐसी जगहों पर केवल एक निश्चित समय के लिए ही कब्जा किया जा सकता है, ताकि अन्य समूह भी उनका इस्तेमाल कर सकें। देश के मुख्य न्यायाधीश (CJI) जस्टिस सूर्य कांत, जस्टिस जॉयमाल्य बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) ज्ञानेश कुमार के खिलाफ अक्टूबर में हुए विरोध प्रदर्शनों से जुड़ी याचिकाओं पर सुनवाई कर रही थी। CJI कांत ने कहा, "आप हमेशा के लिए किसी खास जगह पर कब्जा नहीं कर सकते क्योंकि और भी प्रदर्शनकारी हैं। किसान कहाँ जाएँगे? मजदूर कहाँ जाएँगे? ट्रेड यूनियनें कहाँ जाएँगी? बेघर लोग कहाँ जाएँगे?...