झांसी, मार्च 31 -- झांसी, संवाददाता। बलात्कार में असफल और गला दबाकर हत्या के मामले में आरोपी देवर व पति को अग्रिम जमानत नहीं मिल सकी। उनके जमानत प्रार्थना पत्र अपर सत्र न्यायाधीश, गरौठा, झाँसी कनिष्क सिंह की अदालत ने निरस्त कर दिए हैं। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता देवेश श्रीवास्तव के अनुसार युवक ने बहन सन्तोषी की शादी वर्ष 2013 में देवेन्द्र सिंह निवासी कुड़री, थाना एरच के साथ की थी। शादी के बाद से ही बहन को अतिरिक्त दहेज के लिए ससुरालीजन पति देवेन्द्र सिंह व देवर धर्मेन्द्र उर्फ रामलला प्रताड़ित करते रहते थे। जिसकी शिकायत उसकी बहन ने मायके में कई बार की थी। 06 दिसंबर 2025 की रात संतोषी व उसका देवर धर्मेन्द्र घर पर थे। तभी धर्मेन्द्र उसके साथ छेड़छाड़ करने लगा और कहा कि यदि तुम्हारे मायके वाले अतिरिक्त दहेज की मांग को पूरा नहीं कर पा रहे है...