मेरठ, अक्टूबर 27 -- सड़कों पर हादसे रोकने के दावे और जमीनी हकीकत के बीच मेरठ में बड़ा अंतर नजर आ रहा है। दुर्घटना संभावित स्थलों यानी ब्लैक स्पॉट को चिह्नित करने के बावजूद सड़क हादसों पर प्रभावी अंकुश नहीं लग पा रहा है। स्थिति यह है कि वर्ष 2025 में पूरे साल के दौरान जिले में 744 सड़क दुर्घटनाएं दर्ज की गईं, जबकि 2026 के शुरुआती नौ महीनों में ही यह आंकड़ा बढ़कर 789 पहुंच गया। यानी पिछले पूरे साल के मुकाबले इस साल नौ महीने में ही 45 अधिक हादसे हो चुके हैं। इन दुर्घटनाओं में बड़ी संख्या में लोगों की जान भी गई है। मंगलवार को एक ही दिन में पांच अलग-अलग दुर्घटनाओं में पांच लोगों की मौत ने सड़क सुरक्षा के दावों पर फिर सवाल खड़े कर दिए।

मेरठ में सड़क हादसों के बढ़ते आंकड़े आंकड़े बताते हैं कि मेरठ में सड़क दुर्घटनाओं की समस्या लगातार गंभीर बनी ...