मथुरा, अप्रैल 5 -- भले ही विद्युत विभाग के नए प्रीपेड मीटर का नाम स्मार्ट मीटर है पर उपभोक्ताओं के लिए सुविधाजनक नहीं है। यह प्रीपेड स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं के लिए सबसे बड़ी दुविधा बन गया है। न माइनस बिलिंग की कोई सूचना मिलती है और न ही कोई मैसेज प्राप्त होता है। केवल स्मार्ट मीटर के काम के नाम कनेक्शन डिसकनेक्ट कर दिया जाता है। उपभोक्ता समझ ही नहीं पाते हैं कि क्या हुआ? विद्युत आपूर्ति कैसे बंद हो गई? कर्मचारियों से बात करने का प्रयास करो तो रटा हुआ जवाब मिलता है कि बिल जमा करो तब आपूर्ति स्वतः सुचारू हो जाएगी। शनिवार को कस्बा सौंख में स्मार्ट मीटर की चाल ने ऐसा चाबुक चलाया कि उपभोक्ता कराह उठे। सैंकड़ों की संख्या में विद्युत संयोजन बिना किसी सूचना के विच्छेदित कर दिए गए। पहले तो उपभोक्ताओं को कुछ समझ ही नहीं आया। तकनीकी खराबी लगी तो टेक...