मेरठ, मई 4 -- आखिरकार विरोध के बीच प्रीपेड स्मार्ट मीटर व्यवस्था समाप्त हो गई है। स्मार्ट मीटर अब प्रीपेड नहीं बल्कि पोस्टपेड की तरह ही काम करेंगे। इस आदेश से शहर में करीब एक लाख एवं पश्चिमांचल के 14 जिलों में करीब 13 लाख उपभोक्ताओं को बड़ी राहत मिलेगी। हालांकि 80 लाख उपभोक्ताओं के यहां इन मीटरों को लगाया जाना था। मेरठ में चार लाख उपभोक्ताओं में से करीब एक लाख उपभोक्ताओं के यहां स्मार्ट मीटर लगाकर उन्हें प्रीपेड किया जा चुका था। ऊर्जा मंत्री एके शर्मा के आदेश के बाद अब उपभोक्ताओं को मीटर को रिचार्ज नहीं कराना होगा, बल्कि उन्हें पहले की तरह हर महीने बिजली बिल आएगा। बिना उपभोक्ताओं की अनुमति के प्रीपेड किए गए मीटर पोस्टपेड में बदले जाएंगे। इसी के साथ नए कनेक्शन में भी प्रीपेड की अनिवार्यता समाप्त होगी。 यह भी पढ़ें- 75 लाख प्रीपेड स्मार्ट मी...