उरई, मई 4 -- उरई। संवाददाता जिले में पशुओं के टीकाकरण इलाज से लेकर अन्य सुविधाओं के लिए 46 पशु सेवा केंद्र तो खुल गए लेकिन इनमें पर्याप्त स्टाफ न होने से पशुपालकों को सुविधा नहीं मिल पा रही। हालांकि विभाग द्वारा इसको लेकर पत्राचार तो किया जाता है लेकिन समस्या का हल न होने से न केवल योजनाएं प्रभावित हैं बल्कि पशुपालक भी परेशान हैं।जिले में पशुओं के लिए बने अस्पतालों के अलावा सभी क्षेत्रों में 46 पशु सेवा केंद्र भी खोले गए हैं जिससे यहां पर जानवरों के बधियाकरण, टीकाकरण, कृत्रिम गर्भाधान से लेकर इलाज की सुविधाएं मुहैया कराई जा सके लेकिन इनके सापेक्ष जिले में सिर्फ 23 पशुधन प्रसार अधिकारियों की तैनाती है इससे कामकाज सुचारू रूप से नहीं हो पा रहे। कई केंद्रों पर पैराविड एवं कर्मचारियों के भरोसे काम हो रहा है। इससे पशुपालकों को इलाज के लिए काफी ...