नई दिल्ली, मार्च 18 -- नई दिल्ली। स्टर्लिंग बायोटेक लिमिटेड के प्रवर्तकों चेतन और नितिन संदेसरा से जुड़े मामले में सुरक्षित ऋणदाताओं के एक समूह ने उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर कर 5,100 करोड़ रुपये के जमा धन के वितरण का अनुरोध किया है। भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) की अगुवाई वाले बैंकों के इस गठजोड़ ने कहा है कि स्टर्लिंग समूह की विभिन्न कंपनियों पर उनका कुल बकाया 19,283.77 करोड़ रुपये है। न्यायमूर्ति जे. के. माहेश्वरी और ए. एस. चांदुरकर की पीठ ने बैंकों के गठजोड़ की तरफ से दायर संयुक्त याचिका को रिकॉर्ड पर लेते हुए मामले की अगली सुनवाई के लिए 23 मार्च की तारीख तय की है।

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