बांदा, अप्रैल 11 -- बांदा। जिले में नए सत्र में एडमिशन शुरू होते ही विद्यालयों में अभिभावकों से वसूली का खेल शुरू हो गया है। वहीं विद्यालय की ओर से लगाए गए वाहन बच्चों को मानक विहीन वाहनों से ढो रहे हैं। बच्चों की सुरक्षा के बड़े बड़े दावे करने वाले निजी स्कूलों द्वारा नियमों की धज्जियां उड़ाई जा रही हैं। कम जगह पर बच्चों को ठूंसकर बैठाए जाने के बाद सड़कों पर रफ्तार भरते इन छोटे निजी वाहनों के प्रति न तो अभिभावक ही सतर्क है और न ही जिम्मेदार अफसर। शनिवार को शहर के कालू कुआं स्थित एक निजी वैन बच्चों को जाती दिखी। जिसमें क्षमता से अधिक बच्चे भरे हुए थे। वहीं अतर्रा चुंगी के पास एक बस में बच्चे खड़े हुए यात्रा करते नजर आए। जिम्मेदारों का हाल यह है कि निजी वाहनों की धरपकड़ के लिए अभियान ही नहीं चलाया है। वहीं स्कूलों की बात की जाए तो दावा आधुनिक...