जहानाबाद, मार्च 25 -- अरवल निजप्रतिनिधि। खाड़ी युद्ध का असर धीरे-धीरे जिला में देखने को मिल रहा है। गैस की कमी के कारण जिले के होटल एवं निजी विद्यालयों में अब कोयला का उपयोग होना शुरू हो गया है। हालांकि सरकारी संस्थान में अब तक पहले के कमर्शियल सिलेंडर से काम चल रहा है। पायस मिशन स्कूल के प्रबंधक प्रेम कुमार ने बताया कि ऐसे स्कूलों में छात्रों के लिए भोजन नहीं बनता है। लेकिन स्टाफ के लिए प्रत्येक दिन सुबह शाम मिलाकर 75 लोगों का भोजन बनता है। लगभग 15 दिनों से कमर्शियल सिलेंडर के अभाव में विद्यालय में कोयला का उपयोग हो रहा है। आनंद होटल के मालिक आनंद कुमार ने बताया कि कमर्शियल सिलेंडर की बिक्री बंद हो जाने के बाद होटल में लगभग 15 दिनों से कोयला से भोजन बन रहा है। उन्होंने कहा कि गैस से कोयला का उपयोग सस्ता लग रहा है लेकिन बिक्री 25% कम हो गई...