बक्सर, मार्च 2 -- पैगाम होली के दिन मांसाहार से दूर रहते हैं गांव के लोग एक ही स्थान पर पूरे गांव के लोग खेलते हैं होली कृष्णाब्रह्म, निज प्रतिनिधि। रंगोत्सव एवं आनंदोत्सव का आध्यत्मिक पर्व होली भाईचारे के साथ समाज में शांति का पैगाम देता है। इस दिन आम से खास लोग आपसी कटुता भुलाकर जमकर खुशियां मनाते हैं। बुढ़े-बुजुर्गों के साथ नौजवान, नन्हें-मुन्ने बच्चे एवं महिलाएं भी एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर होली का जश्न मनाती हैं। देखा जाय तो होली उमंग एवं उत्साह का ही त्योहार है। परन्तु, क्षेत्र का सोवां एक ऐसा गांव है, जहां होली मनाने का अनोखा रिवाज सदियों से कायम है। पूरे गांव के लोग पर्व के दिन मांसाहारी भोजन से परहेज करते हैं। सोवां गांव में होली के दिन अद्भूत नजारा देखने को मिलता है। दोपहर तक रंगों से होली खेलने के बाद सभी लोग नए कपड़े पहन गा...
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