प्रयागराज, जून 15 -- सोमवार को सोमवती अमावस्या पर पति की दीर्घायु और परिवार की सुख-समृद्धि के लिए महिलाओं ने व्रत रखा। इस अवसर पर संगम के विभिन्न घाटों पर स्नान-दान किया। श्रद्धालुओं ने पितरों को प्रसन्न करने के लिए उनके निमित्त तर्पण किया। व्रती महिलाओं ने पीपल का विधिविधान से पूजन-अर्चन कर दीप, अक्षत, दूध, दही, घी, चंदन, फल, मिष्ठान, पुष्प, हल्दी नैवेद्य अर्पित किए। भगवान विष्णु, माता लक्ष्मी और देवाधिदेव महादेव का स्मरण करते हुए पीपल वृक्ष की 108 बार परिक्रमा कर कच्चा सूत लपेटा। परेड ग्राउंड, बैहरना, अल्लापुर, टैगोर टाउन, रामबाग, सिविल लाइंस, राजापुर, तेलियरगंज, प्रीतमनगर, नैनी और झूंसी में महिलाओं ने सामूहिक रूप से पीपल वृक्ष का पूजन किया। यह भी पढ़ें- सोमवती अमावस्या पर क्यों की जाती है पीपल के पेड़ की परिक्रमा? जान लें तुलसी पूजन का...