प्रयागराज, मई 18 -- जमीन के विवादों के निस्तारण में अब सैटेलाइट इमेज बहुत कारगर साबित हो रही है। जिन जमीनों पर अब तक विवाद होता था और सुनवाई में सालों लगते थे, उनके निस्तारण अब मिनटों में हो जा रहे हैं। जिले में नई तकनीक का लाभ लेते हुए करोड़ों रुपये के राजस्व का भी लाभ कराया गया और आम नागरिकों की भी बचत हो गई है। उप निबंधक कार्यालयों में सबसे ज्यादा विवाद जमीन का आता था। जिसमें शिकायतकर्ता बताते थे कि खरीददार ने कृषि योग्य भूमि बताकर बैनामा कराया, जबकि वहां पर आबादी थी। ऐसे मामलों की सुनवाई में सालों साल लग जाते थे। ऐसी समस्या को देखते हुए डीएम मनीष कुमार वर्मा ने सैटेलाइट इमेज का सहारा लेने के लिए कहा। जिसके बाद इसका इस्तेमाल किया गया। एआईजी स्टांप ने बताया कि गाटा संख्या भरने के बाद खरीद के वर्ष को डाला जाता है। सही जगह पर मैप के पहुंच...