जमशेदपुर, अप्रैल 21 -- सेंगेल के दिशोम परगना सोनाराम सोरेन ने कहा कि घाटशिला के पावड़ा में 28 एवं 29 मार्च को धाड़ दिशोम माझी परगाना महाल ने दो दिवसीय सम्मेलन में संताल समाज से वहिष्कृतों को समाज में पुनः शामिल करने का शिगूफा सोशल मीडिया पर छोड़कर प्रत्येक गांव के प्रति घर से सौ-सौ रुपए के साथ दो-दो किलो चावल चंदा कर समाज को भ्रमित करने का कार्य किया है। दूसरी ओर, महाल के तथाकथित उक्त घाट परगाना लखन मार्डी डुमरिया प्रखंड के समक्ष 118 वहिष्कृतों के खिलाफ अनशन कर असामाजिक तत्व होने का आरोप लगाकर प्रशासन को पीड़ितों पर कड़ा संज्ञान लेने की मांग करना, महाल के दोहरा चरित्र को उजागर करता है। इसके बाद फिर 16 अप्रैल को डुमरिया प्रखंड अंतर्गत 10 परिवारों का महाल द्वारा सामाजिक वहिष्कार करना उल्टा चोर कोतवाल को डांटे वाली कहावत को चरितार्थ कर रहा ह...