गोड्डा, मार्च 26 -- पथरगामा, प्रतिनिधि। चैती दुर्गा पूजा के पावन अवसर पर चिहारी पीठ में आयोजित भक्तिमय सत्र के विश्राम दिवस पर श्रीधाम अयोध्या से पधारे परम पूज्य आचार्य पवन जी महाराज ने श्रद्धालुओं को शिव और शक्ति की महिमा का दिव्य वर्णन करते हुए भक्ति, ज्ञान और वैराग्य का संदेश दिया। अपने प्रवचन में उन्होंने कहा कि "सृष्टि का हर कंकड़ शंकर है", अर्थात संपूर्ण सृष्टि में भगवान शिव का वास है। कथा प्रसंग के दौरान आचार्य श्री ने द्वादश ज्योतिर्लिंगों की स्थापना, चारों धाम के महत्व तथा शिवलिंग पूजन की विधि और उससे जुड़ी आस्था पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि सच्ची श्रद्धा और नियमपूर्वक की गई भगवान शिव की आराधना से भक्तों की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। इसी क्रम में मां भगवती के दिव्य स्वरूप का दर्शन भी भक्तों को प्राप्त हुआ। गर्...