नई दिल्ली, मार्च 10 -- सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को लुधियाना के एक कपड़ा व्यापारी द्वारा दायर जनहित याचिका इसलिए खारिज कर दी, क्योंकि उसने याचिका का मसौदा एआई से तैयार करने की बात स्वीकार की और याचिका में इस्तेमाल मुश्किल कानूनी शब्दों को समझा नहीं सका। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने जनहित याचिका खारिज करते हुए कहा कि 'जाओ, लुधियाना में 2-3 और स्वेटर बेचो। जिन लोगों का काम है ऐसी याचिका दायर करना, वो आपका खर्च करा के नुकसान कर देंगे। सीजेआई ने आगे कहा कि इसके बावजूद अगर आप ऐसी याचिका दायर करना जारी रखेंगे तो आप पर जुर्माना लगाया जाएगा। न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची और आर. महादेवन भी पीठ का हिस्सा थे। पीठ को उस समय संदेह हुआ जब 12वीं कक्षा तक पढ़े होजरी व्यापारी रजनीश सिद्धू पीएम केयर फंड के संबंध में अपनी याचिका पर बहस करने को खड़े हुए। जैसे ह...
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