औरैया, मार्च 17 -- अजीतमल, संवाददाता। ग्राम सुदनीपुर में आयोजित श्रीमद्भागवत महापुराण कथा का मंगलवार को भव्य समापन हुआ। अंतिम दिन कथा स्थल पर भक्ति और उत्साह का वातावरण बना रहा, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे। प्रसिद्ध कथावाचक दंडी स्वामी अच्युतानंद सरस्वती महाराज ने भगवान श्रीकृष्ण और सुदामा के चरित्र का मार्मिक वर्णन किया। उन्होंने बताया कि सच्ची मित्रता, निस्वार्थ प्रेम और भक्ति ही जीवन का वास्तविक धन है। सुदामा और श्रीकृष्ण की मित्रता का प्रसंग सुनकर श्रद्धालु भाव-विभोर हो गए और पंडाल जयकारों से गूंज उठा। उन्होंने भागवत कथा का सार बताते हुए कहा कि मानव जीवन का उद्देश्य ईश्वर भक्ति, सत्कर्म और परोपकार में निहित है। साथ ही श्रद्धालुओं से धर्म के मार्ग पर चलने और समाज में भाईचारा बढ़ाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के मुख्य आयोजक सा...