बुलंदशहर, जून 7 -- श्री हनुमत कथा में व्यास ने सुंदरकांड की कथा में बताया जामवंत के प्रेरणादायक वचनों को सुनकर हनुमान जी को अपनी शक्ति का बोध हुआ। श्रीहनुमत कथा में व्यास राजेंद्र गौड़ ने रामायण के सुंदरकांड अध्याय की कथा सुनाते हुए कहा कि माता सीता की तलाश में वानर सेना समुद्र तट पर पहुंची तो विशाल समुद्र को देख सभी चिंतित हो गए उसी समय जामवंत ने हनुमान जी को उनके बचपन की घटनाएं और उनकी दिव्य शक्तियां याद दिलाई। उन्होंने कहा कि हनुमान जी आप अपार बल, बुद्धि, पराक्रमी हो, आप अपनी शक्तियों को स्मरण करो और समुद्र पार करके सीता माता का पता लगाओ। यह भी पढ़ें- सुंदरकांड : जामवंत ने हनुमान को कराया उनकी शक्ति का बोध कथा व्यास ने कहा कि बचपन में हनुमान जी अत्यंत चंचल थे और अपनी शक्तियों का बार-बार प्रयोग करते थे। इससे कुछ ऋषियों ने उन्हें ऐसा श्र...