प्रयागराज, जनवरी 6 -- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने महिला और उसके नाबालिग बच्चों की बेदखली का जल्दबाजी में आदेश देने और बेदखली करने पर जिला न्यायलय सिद्धार्थ नगर के सिविल जज जूनियर डिवीजन और सिद्धार्थनगर के राजस्व व पुलिस अधिकारियों पर कड़ी टिप्पणी की है। कोर्ट ने पूरी कार्यवाही को एकतरफा और अधिकारों का अनावश्यक प्रयोग करार देते हुए महिला को वापस कब्जा दिलाने का निर्देश दिया है। कोर्ट ने आदेश पारित करने वाले सिविल जज जूनियर डिवीजन के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई प्रारम्भ करने के लिए मुख्य न्यायमूर्ति के पास मामला भेजा है। सिद्धार्थ नगर की सोनी की याचिका पर यह आदेश न्यायमूर्ति मनोज कुमार गुप्ता और न्यायमूर्ति अरुण कुमार की खंडपीठ ने दिया है। आवेदन के दिन ही दिया बेदखली का आदेश याची का कहना था कि अपने ससुर की मृत्यु के बाद वह पति और तीन नाबालिग बच्चो...