रांची, नवम्बर 24 -- रांची, संवाददाता। बहुचर्चित सिलागाई हिंसा मामले में दशरथ उरांव की हत्या के आरोप का सामना कर रहा 15 लोगों को बड़ी राहत मिली है। अपर न्यायायुक्त आनंद प्रकाश की अदालत ने सोमवार को साक्ष्य के अभाव में सभी आरोपियों को बरी कर दिया। अदालत ने कहा कि अभियोजन पक्ष आरोप सिद्ध करने में विफल रहा। अदालत ने मृतक की पत्नी, बच्चों और माता-पिता को मृतक की मृत्यु के कारण हुए नुकसान के लिए मुआवजा और सरकार की किसी अन्य कल्याणकारी योजना के तहत मुआवजा देने का निर्देश दिया। यह मामला साल 2014 में चान्हो प्रखंड के सिलागाई में ईद की नमाज़ के लिए स्थल को लेकर उपजे विवाद के बाद भड़की हिंसा से जुड़ा है। दो समुदायों के बीच हुए संघर्ष में पूरे इलाके में तनाव फैल गया था। लोग दहशत में गांव छोड़कर भाग गए थे। इस हिंसा में आदिवासी समुदाय के दशरथ उरांव की ...
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