आजमगढ़, दिसम्बर 31 -- आजमगढ़, संवाददाता। आरटीई (शिक्षा का अधिकार अधिनियम) के तहत निजी स्कूलों में अध्ययनरत बच्चों को दी जा रही निश्शुल्क शिक्षा की धनराशि के भुगतान की प्रक्रिया एक बार फिर अटक गई है। जिले के करीब साढ़े तीन सौ निजी स्कूलों का लगभग तीन करोड़ रुपये की धनराशि का बकाया लंबे समय से लंबित है। इस बकाया भुगतान को लेकर बेसिक शिक्षा विभाग ने सत्यापन की प्रक्रिया तेज कर दी है। जिले में वर्ष 2016 से अब तक कुल करीब 10605 बच्चे आरटीई के तहत नामांकित हैं। इस समय कुल साढ़े तीन सौ स्कूलों में यह बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। इन बच्चों को निश्शुल्क शिक्षा देने के लिए निजी स्कूलों को प्रति बच्चों के हिसाब साढ़े चार सौ रुपये शासन की तरफ से दिया जाता है। बेसिक शिक्षा विभाग के अनुसार इन स्कूलों का करीब तीन करोड़ से अधिक की धनराशि का बकाया है। स्कूलों को बकाय...