मुरादाबाद, अगस्त 22 -- सावन की पूर्णिमा यानि 28 अगस्त को साल का आखिरी चंद्र ग्रहण लगेगा। इस तरह चंद्रमा पर आंशिक रूप से पृथ्वी की छाया दिखाई देगी। ज्योतिषाचार्य पंडित केदार मुरारी ने बताया कि यह चंद्र ग्रहण भारत में नहीं दिखाई देगा। मगर यह पश्चिमी एशिया के भाग सहित दक्षिणी अमेरिका,अफ्रीका, यूरोप में दिखाई देखा। उन्होंने बताया कि चंद्र ग्रहण का सूतक काल ठीक नौ घंटे पहले लागू होता है। हालांकि यह ग्रहण भारत में नजर नहीं आएगा। इसलिए यह सूतक काल यहां लागू नहीं होगा। फल स्वरूप ग्रहण एवं सूतक की अवधि के दौरान किसी भी प्रकार के शुभ या मांगलिक कार्य करने पर कोई प्रतिबंध नहीं रहेगा। यह भी पढ़ें- Chandra Grahan 2026: 28 अगस्त की रात आसमान में होगा बड़ा खेल, चांद का 93% हिस्सा हो जाएगा लाल; भारत में दिखेगा या नहीं?

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