उरई, जनवरी 25 -- उरई। ग्रामीण क्षेत्रों में सामुदायिक शौचालयों के उपयोग एवं सुचारू रूप से क्रियान्वयन को लेकर अधिकारी गंभीर हैं। एडीओ पंचायत एवं सचिवों को निर्देश जारी किए हैं कि सामुदायिक शौचालयों की सफाई व्यवस्था दुरुस्त की जाए तथा कहीं पर भी ताला बंद न मिले। खुले में शौच से मुक्ति के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता के लिए 574 में से 564 ग्राम पंचायत शौचालयों का निर्माण कराया गया था। संचालन का जन्म स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को सौंपा। शौचालयों में सफाई एवं अन्य व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने को लेकर 6000 केयरटेकर को मानदेय के रूप में दिए जाएंगे। बिजली, मरम्मत पर 500 एवं सामग्री खरीद एवं अन्य मदो के मिलाकर नौ हजार की धनराशि निर्धारित की गई है। इसके बाद भी शिकायत मिल रही है कि कई क्षेत्र में सामुदायिक शौचालयों के ताले नहीं खुलते और सफाई ...
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