रिषिकेष, मार्च 9 -- अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस महिला सशक्तिकरण के साथ उत्तराखंड की समृद्ध लोकसंस्कृति, पारंपरिक खानपान और सामाजिक सहभागिता का सशक्त प्रतीक बनकर उभरा। मांगलिक गीतों और गढ़वाली लोकगीतों ने पूरे सभागार को सांस्कृतिक रंगों से सराबोर कर दिया। कार्यक्रम स्थल पर उत्तराखंड के पारंपरिक मोटे अनाजों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से मंडवे के आटे, झंगोरा, पारंपरिक दालों एवं स्थानीय व्यंजनों के स्टॉल लगाए गए। मुख्य अतिथि भाजपा उत्तराखंड प्रदेश महामंत्री दीप्ति रावत ने कहा कि सशक्त नारी ही मजबूत समाज की नींव होती है। आज महिलाएं राजनीति, शिक्षा, स्वास्थ्य, उद्यमिता और सामाजिक सेवा सहित हर क्षेत्र में अपनी नेतृत्व क्षमता से नई पहचान गढ़ रही हैं। ऐसे आयोजन महिलाओं के आत्मविश्वास को बढ़ाने के साथ समाज को सकारात्मक दिशा प्रदान करते हैं। मुख्...