गोरखपुर, सितम्बर 23 -- गोरखपुर, वरिष्ठ संवाददाता यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस (यूपीआई) से दो हजार रुपये से अधिक के भुगतान पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट (एमडीआर) का सर्वाधिक असर बड़े पेमेंट वाले कारोबार पर दिख रहा है। सराफा, मोबाइल से लेकर कंज्यूमर प्रोडक्ट के विक्रेता सर्वाधिक मुश्किल में हैं। सराफा कारोबारियों का कहना है कि बड़े-बड़े प्लेयर के मार्केट में आने से गलाकाट प्रतिस्पर्धा है। ऐसे में मुनाफे से अधिक जोर बिक्री पर है। सोने-चांदी में महंगाई से छोटी खरीदारी भी एक लाख तक पहुंच रही है। ऐसे में 300 रुपये के साथ 18% जीएसटी भी देय होगा。 यह भी पढ़ें- यूपीआई ने कारोबार आसान किया, शुल्क ने बढ़ाईं धड़कनेंसराफा कारोबार में समस्याएँ गोरखपुर में सराफा कारोबार करोड़ों में है। बाजार का अनुमान है कि प्रतिदिन 40 से 50 करोड़ रुपये का कारोबार सराफा की विभिन्न...