बागपत, मार्च 31 -- बड़ौत। अधिकतर दफ्तरों में अनाधिकृत रूप से निजी व्यक्ति विभिन्न पटलों का कार्य कर रहे हैं। जिला स्तर से लेकर ब्लॉक स्तर पर भी सरकारी रिकॉर्ड, कामकाज की बागडौर प्राइवेट लोगों के हाथ में रहती हैं, लेकिन जब ये लोग भ्रष्टाचार करते या दूसरे गलत कार्यों में पकड़े जाते हैं तो इन्हें प्राइवेट आदमी बता सरकारी अफसर पल्ला झाड़ते नजर आते हैं। दरअसल, हाल के दिनों में कई ऐसी घटनाएं हुई हैं जिनमे सरकारी विभागों में काम करने वाले प्राइवेट व्यक्ति एंटी करप्शन टीम के हत्थे चढ़े, लेकिन इनके पकड़े जाने के बाद सम्बन्धित विभागीय अधिकारी ने इन्हें प्राइवेट बताकर अपना पल्ला झाड़ लिया। गत 6 फरवरी को बड़ौत तहसील में नायब तहसीलदार के पेशकार प्रमोद को एंटी करप्शन यूनिट मेरठ ने 10 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया था। बाद में नायब तहसीलदार ही नह...