नई दिल्ली, जुलाई 13 -- सरकारी बैंक अब अपने पुराने एटीएम को जल्द से जल्द बदलने की योजना पर तेजी से काम कर रहे हैं। वे इन जर्जर मशीनों की जगह कैश रिसाइक्लर लगाने जा रहे हैं। यह नोट जमा भी करेगा और निकालेगा भी। इसकी सबसे बड़ी वजह यह है कि छोटे शहरों (टियर-2 और टियर-3) में बार-बार कैश खत्म होने की समस्या ने पुरानी तकनीक की कमियों को उजागर कर दिया है।77 फीसदी एटीएम सरकारी बैंकों के होंगे अपग्रेड? उद्योग के जानकारों के मुताबिक, करीब 15,000 से ज्यादा एटीएम यूनिटों के लिए जल्द ही टेंडर जारी होंगे। इनमें से लगभग 77 फीसदी एटीएम सरकारी बैंकों के हैं। पंजाब नेशनल बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया और बैंक ऑफ इंडिया जैसे बड़े बैंक भी जल्द ही कैश रिसाइक्लर के लिए टेंडर निकाल सकते हैं। यह भी पढ़ें- सहारा का अब तक नहीं आया रिफंड तो इन नंबरों पर करें कॉलकैश रिसा...