किशनगंज, जून 17 -- किशनगंज। वरीय संवाददाता गर्भावस्था और प्रसव किसी भी महिला के जीवन का सबसे महत्वपूर्ण पड़ाव होता है। इस समय उसे केवल चिकित्सकीय उपचार ही नहीं, बल्कि मानसिक संबल, आत्मीय व्यवहार और गरिमा की भी आवश्यकता होती है। जब महिलाओं के साथ सम्मान और गरिमा का व्यवहार किया जाता है, तो वे संस्थागत प्रसव को चुनने की अधिक संभावना रखती हैं। यही संदेश आज मातृ स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता का सबसे बड़ा पैमाना बन चुका है। जिले में स्वास्थ्य विभाग इसी सोच को व्यवहार में बदलने की दिशा में निरंतर प्रयासरत है। यहां प्रसव के लिए आने वाली प्रत्येक महिला को सम्मानपूर्वक सेवाएं देने, उसकी निजता बनाए रखने, उसकी सहमति का आदर करने और परिवार के साथ सकारात्मक संवाद स्थापित करने पर विशेष बल दिया जा रहा है। इसका परिणाम यह है कि सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों के प...