नई दिल्ली, जून 18 -- अमेरिका और ईरान के बीच बीते 4 महीनों से जारी जंग खत्म हो चुकी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन ने गुरुवार को समझौते पर दस्तखत कर दिए हैं। 100 दिनों से भी अधिक समय से भीषण तबाही झेलने के बाद पूरी दुनिया इस युद्ध के खत्म होने का बेसब्री से इंतजार कर रही थी। ऐसे में यह समझौता बेहद जरूरी था। हालांकि एक शख्स है जिसके लिए यह समझौता किसी बुरे सपने से कम नहीं। ये शख्स हैं इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू। नेतन्याहू इस डील से खुश नहीं, ये बात जगजाहिर है। लेकिन आखिर क्यों? इजरायली प्रधानमंत्री अगर चाहें भी तो भी वे इस समझौता का समर्थन नहीं कर सकते। इसके पीछे कई वजहें हैं। नेतन्याहू इस समय ऐसी स्थिति में फंस गए हैं जहां से उनका लौटना मुश्किल मालूम पड़ता है। हालात यह हैं कि देश में ...