नई दिल्ली, मार्च 10 -- नई दिल्ली। राज्यसभा में मंगलवार को सरकार ने बताया कि अंग प्रतिरोपण करने वाले 804 पंजीकृत अस्पतालों में से 217 अस्पताल 2025 में राष्ट्रीय रजिस्ट्री पोर्टल पर संबंधित जानकारी देने में विफल रहे। इनके खिलाफ संबंधित राज्य सरकारों द्वारा कार्रवाई शुरू की जाएगी। उच्च सदन में स्वास्थ्य राज्य मंत्री प्रतापराव जाधव ने एक प्रश्न के लिखित उत्तर में कहा कि अंग प्रतिरोपण करने के लिए अस्पतालों का पंजीकरण उस राज्य या केंद्रशासित प्रदेश के उपयुक्त प्राधिकार द्वारा किया जाता है, जहां अस्पताल स्थित होता है। जाधव ने बताया कि वर्ष 2025 के दौरान देश में किए गए अंग प्रतिरोपणों की संख्या 20,019 थी।

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