नई दिल्ली, अप्रैल 2 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता राज्यसभा में गुरुवार को सिविल सेवा परीक्षा के सीसैट प्रश्न पत्र को हटाने या उसमें जरूरी सुधार करने की मांग की गई। इसके पीछे कारण यह बताया गया कि यह प्रश्न पत्र मानवीकी की पढ़ाई करने वाले छात्रों के अनुकूल नहीं है और परीक्षा का ज्यादातर दारोमदार इसी प्रश्नपत्र में सफल होने पर टिका है।राज्यसभा सदस्य ब्रजलाल ने यह मुद्दा उठाते हुए कहा कि इस साल भी जो परिणाम आए हैं, उसमें 66 फीसदी इंजीनियर पृष्ठभूमि के छात्र सिविल सेवा में सफल हुए हैं। मानविकी, इतिहास जैसे विषय पढ़ने वाले छात्रों की सफलता दर लगातार घट रही है। इसकी वजह सीसैट टेस्ट है जो एक वस्तुनिष्ठ टेस्ट हैं। लेकिन यह विज्ञान के छात्रों के ज्यादा अनुकूल है तथा मानविकी के छात्र इसमें पिछड़ जाते हैं। उन्होंने मांग की कि या तो इस प्रश्न पत्र को ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.