नई दिल्ली, अक्टूबर 25 -- विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा, आंतकवाद का इस्तेमाल राष्ट्रीय नीतियों को आगे बढ़ाने के साधन के रूप में करना स्वीकार नहीं है। रविवार को चिन्मय मिशन की 75वीं वर्षगांठ के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि दुनिया में कहीं होने वाली जंग शांति के लिए खतरा है। विदेशमंत्री जयशंकर ने स्पष्ट कहा, आतंकवाद के इस्तेमाल से नीतियों को आगे बढ़ाने की मंशा को किसी हालत में सही नहीं ठहराया जा सकता और न ही इसके पक्ष में तर्क दिए जा सकते हैं। आतंकवाद की समस्या अब भी बनी हुई है, क्योंकि सभी देश वास्तव में इसके प्रति 'कतई बर्दाश्त नहीं करने' की नीति नहीं अपनाते हैं। बिना किसी देश का नाम लिए उन्होंने कहा, इतिहास से इतने सबक मिलने के बावजूद कुछ देश अब भी राजनीतिक हितों को प्राथमिकता देते हैं। यूक्रेन और पश्चिम एशिया में जारी सं...