बागपत, मई 13 -- बागपत। एक साल तक सोना न खरीदने वाले प्रधानमंत्री मोदी के बयान ने सराफा बाजार की धड़कन बढ़ा दी है। पहले से महंगे सोने और कमजोर खरीदारी की मार झेल रहे कारोबारियों को डर है कि कहीं ग्राहकों का भरोसा ही बाजार से न उठ जाए। सराफा कारोबारी चाहते हैं कि सरकार वैकल्पिक रास्ता तलाशे ताकि नुकसान कम हो सके। जिले के सराफा बाजारों में दुकानों पर चहल-पहल कम और चिंता ज्यादा दिखाई दे रही हैं। मंगलवार को भी दुकानों के काउंटरों पर गहनों से ज्यादा चर्चा पीएम के बयान की होती रही। कारोबारियों का कहना है कि सोना केवल निवेश या शौक की चीज नहीं, बल्कि लाखों हाथों की मेहनत से जुड़ा कारोबार है। बागपत में बड़े शोरूम से लेकर छोटी दुकानों, कारीगरों, डिजाइनरों, पॉलिश कर्मियों, पैकिंग और ट्रांसपोर्ट से जुड़े करीब 4000 लोगों की आजीविका सर्राफा बाजार पर टिकी है।...