हापुड़, जून 1 -- नगर के दुर्गा मंदिर में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान सप्ताह यज्ञ के पहले दिन सोमवार को सर्व प्रथम क्लश यात्रा का आयोजन हुआ। उसके बाद कथा वाचक यश कृष्णा आचार्य ने भागवत कथा के प्रसंग को आगे बढ़ाते हुए कुंती प्रसंग की व्याख्या करते हुए बताया कि कुंती ने भगवान से वरदान में दुख और विपत्ति की मांग किया। कुंती ने बताया कि सुख में लोग भगवान को भूल जाते हैं और दुखों में विपदा के समय प्रभु का सदैव स्मरण करते हैं। अतएव कुंती ने भगवान से सदैव दुख और विपत्ति की मांग किया। कथा व्यास जी ने भीष्म स्तुति, परीक्षित का जन्म, पांडव स्वर्गारोहण, सुकदेव जी से परीक्षित का प्रश्न सहित अन्य प्रसंगों की विस्तारपूर्वक व्याख्या किया। यह भी पढ़ें- हृदय को जाग्रत करने का मार्ग दिखाती है भागवत कथा: डॉ. उनियाल इस प्रसंग में राजा परीक्षित को ऋषि बालक क...