अलीगढ़, मई 23 -- अलीगढ़। बनिया पाड़ा में आयोजित पांच दिवसीय श्री हनुमंत कथा के चौथे दिन शुक्रवार को श्री राम और उनके परम भक्त हनुमान जी के प्रथम मिलन, सुग्रीव मिताहारी और बाली वध के प्रसंग का मार्मिक व भावपूर्ण वर्णन किया। कथा बाल व्यास गोविंद महाराज ने ऋष्यमूक पर्वत पर प्रभु श्रीराम और लक्ष्मण जी से हनुमान जी के ब्राह्मण रूप में मिलने के प्रसंग को सुनाया। बताया कि कैसे हनुमान अपने आराध्य को पहचान कर उनके चरणों में गिर जाते हैं। यह मिलन केवल दो सत्ताओं का नहीं, बल्कि आत्मा का परमात्मा से मिलन था। इसके बाद सुग्रीव की व्यथा, श्रीराम द्वारा उन्हें अभयदान देने और अधर्म के प्रतीक बाली के वध की तार्किक व आध्यात्मिक व्याख्या की। मुख्य आकर्षण सुंदरकांड का व्याख्यान रहा। संगीतमय भजनों पर श्रद्धालु झूमने और नृत्य करने लगे। समापन पर मुख्य यजमानों द्...