धनबाद, जून 17 -- चिटाही धाम स्थित श्री रामराज मंदिर परिसर में आयोजित भव्य श्रीराम कथा के आठवें दिन मंगलवार को किष्किंधा कांड एवं सुंदरकांड के महत्वपूर्ण प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया गया। कथा के दौरान राम-हनुमान मिलन, बाली वध, लंका दहन तथा हनुमान-विभीषण मिलन की कथा सुनकर श्रद्धालु भक्तिभाव में विभोर हो गए। यह भी पढ़ें- भजन के बिना भगवान नहीं मिल सकते : गृषामित्रता के महत्व कथावाचिका गृषा शुक्ला ने अपने प्रवचन में मित्रता के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सच्चा मित्र वही होता है, जो मित्र के दुख में दुखी हो जाए। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति सामने मीठी बातें करे और पीठ पीछे बुराई करे, ऐसे मित्र का त्याग कर देना चाहिए। जीवन में अकेले रह जाना बेहतर है, लेकिन ऐसे लोगों का साथ नहीं रखना चाहिए जो विश्वासघात करते हों। यह भी पढ़ें- श्रीराम कथा म...