संभल, अप्रैल 4 -- नगर की गणेश कॉलोनी गली नंबर-10 में आयोजित श्रीमद्भागवत कथा के छठवें दिवस पर भगवान श्रीकृष्ण और माता रुक्मिणी के दिव्य विवाह का भावपूर्ण वर्णन किया गया। कथा का रसपान कर श्रद्धालु भक्ति में लीन हो गए और पूरा पंडाल आध्यात्मिक वातावरण से सराबोर हो उठा। कथा वाचक वृंदावन धाम से पधारे ओम प्रकाश महाराज ने अपने मुखारविंद से भगवान श्रीकृष्ण और माता रुक्मिणी के विवाह प्रसंग का मार्मिक वर्णन करते हुए बताया कि यह कथा प्रेम, आस्था और साहस का अद्भुत संगम है। उन्होंने बताया कि विदर्भ की राजकुमारी रुक्मिणी ने बचपन से ही श्रीकृष्ण को अपना पति मान लिया था, लेकिन उनके भाई रुक्मी ने उनका विवाह शिशुपाल से तय कर दिया था। महाराज ने आगे बताया कि विवाह से पूर्व माता रुक्मिणी ने सुदेव ब्राह्मण के माध्यम से श्रीकृष्ण को गुप्त संदेश भेजकर अपनी रक्षा...